यमनी सूत्रों ने ताइज़ और पश्चिमी तट के इलाकों में सऊदी समर्थित लड़ाकों पर यमन की सेना द्वारा किए गए भारी हमले की ख़बर दी है। यमनी सूत्रों ने बताया कि सना के नियंत्रण वाली सेनाएँ (यमन की सेना) ताइज़ प्रांत पर नियंत्रण हासिल करने के उद्देश्य से एक बड़े सैन्य अभियान की शुरुआत की तैयारी कर रही हैं। इस अभियान में रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण अल-मोखा क्षेत्र भी शामिल है।
समाचार सूत्रों ने दक्षिण-पश्चिमी यमन के ताइज़ शहर में भीषण विस्फोटों की सूचना दी है। कुछ अरब सूत्रों ने बताया है कि, यमन की सेना ने ताइज़ शहर के पश्चिम और पूर्व में सऊदी समर्थित लड़ाकों के ठिकानों पर एक नया मिसाइल हमला किया है।
यमनी सूत्रों के अनुसार, यमन की सेना ताइज़ के दक्षिण में स्थित अल-बैरिन क्षेत्र की ओर आगे बढ़ रही है। यह इलाका ताइज़ को दक्षिणी यमन के अदन से जोड़ने वाला मुख्य मार्ग माना जाता है। इस क्षेत्र पर नियंत्रण हासिल होने से ताइज़ तक जाने वाली आपूर्ति लाइनों और अतिरिक्त सैनिकों की आवाजाही के रास्ते काटे जा सकते हैं।
रिपोर्ट के अनुसार, इस सैन्य अभियान का लक्ष्य केवल ताइज़ तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें अल-हुदैदाह प्रांत के पश्चिमी तट पर बचे हुए सभी क्षेत्रों पर कब्ज़ा करना भी शामिल है।
पश्चिमी तट के मोर्चे पर भीषण संघर्ष पश्चिमी तट के मोर्चे पर यमनी सूत्रों ने दक्षिणी अल-हुदैदाह प्रांत के हैस मोर्चे पर भीषण झड़पों की सूचना दी है। पश्चिमी ताइज़ और पश्चिमी तट पर सऊदी गठबंधन समर्थित लड़ाकों को भारी नुक़सान का सामना करना पड़ा है। शनिवार को पश्चिमी ताइज़ और पश्चिमी तट के मोर्चों पर संघर्ष तेज़ होने के बाद, सऊदी गठबंधन से जुड़े लड़ाकों को भारी मानवीय और सैन्य नुकसान उठाना पड़ा।यमन की सेना के हमलों और घात लगाकर किए गए हमलों में 100 से अधिक सऊदी समर्थित लड़ाके मारे गए
मैदानी सूत्रों की रिपोर्ट के अनुसार, यमन की सेना द्वारा किए गए मिसाइल हमलों और घात लगाकर किए गए हमलों में पिछले 24 घंटों के दौरान ही सऊदी अरब से जुड़े लड़ाकों में 105 से अधिक लोग मारे गए हैं।
इन हमलों को पश्चिमी और दक्षिणी ताइज़ तथा दक्षिणी अल-हुदैदाह (पश्चिमी तट) के इलाकों में अंजाम दिया गया। इन हमलों में सऊदी समर्थित लड़ाकों के बीच दर्जनों लोग घायल भी हुए हैं।













